सऊदी अरब, निताकात कानून, रंग, श्रेणियाँ और लाभ

निताकात (Nitaqat) एक ऐसी व्यवस्था है जिसे सऊदी सरकार ने विजन 2030 के अनुरूप पेश किया है। यह सिस्टम 2011 में शुरू की गई थी। इसका उद्देश्य अधिक से अधिक सऊदी नागरिकों को नौकरी देना और हर क्षेत्र में प्रवासियों के कार्य-बल को कम करना है। निताकात व्यवस्था को 06 श्रेणियों में बाँटा गया है। पढ़े-Saudization और Nitaqat प्रोग्राम का प्रवासी श्रमिकों पर प्रभाव

श्रम मंत्रालय (Ministry of Labour) के अनुसार प्रत्येक श्रेणी का एक अलग रंग है। ये रंग कंपनी में सऊदी श्रमिकों की संख्या कों दर्शाता हैं। कंपनियों मे कार्यरत सउदी श्रमिकों के संख्या बल के अनुसार कंपनी को नंबर दिया जाता है।

यह प्रणाली कंपनियों के लिए डिज़ाइन की गई है, कार्यरत सउदी श्रमिकों के संख्या बल के अनुसार सरकार कंपनीयो को लाभ देती है। 

हालाँकि, इस व्यवस्था का कर्मचारी भी कुछ लाभ लाभ उठा सकते हैं जिनकी चर्चा हम आगे इस लेख मे करेंगे।

निताकात रंग और श्रेणियाँ (Nitaqat Colors and Categories)

निताकात व्यवस्था कंपनियों का प्रतिनिधित्व करता है। जिसे कुछ कलर के रूप बाँटा गया है एक उच्च रंग यानि (प्लैटिनम/हाई ग्रीन) का मतलब है कि कंपनी में अधिक सऊदी कार्यरत हैं और सरकार द्वारा उस संस्था को अधिक लाभ दिया जाता हैं।

श्रेणियाँ,
  • प्लैटिनम  Platinum
  • हाई ग्रीन High Green
  • मध्यम हरा Medium Green
  • कम हरा Low Green
  • पीला Yellow
  • लाल Red

प्लेटिनम रंग शीर्ष श्रेणी का रंग है, जबकि लाल रंग अंतिम श्रेणी का रंग है। प्लेटिनम श्रेणी के कंपनी व उसके कर्मचारी को दूसरे रंगों के कंपनीयो की तुलना में अधिक लाभ दिया जाता हैं। पढ़े-सऊदी अरब, सेवा समाप्ति लाभ (End of service benefits) गणना

हालांकि, ये रंग मुख्य रूप से संस्थानों मे सऊदी नागरिकों के रोज़गार की संख्या का प्रतिनिधित्व करते हैं। प्लेटिनम और हाई ग्रीन जैसी कंपनियां प्रवासियों के लिए वीज़ा प्राप्त करने और वर्क परमिट को ऑनलाइन नवीनीकृत (renewal) करने जैसे कई लाभ उठा सकती हैं। वे उन कंपनियों के कर्मचारियों की नियुक्त भी अपने कंपनी मे कर सकते हैं जो संस्थाएँ पीली व लाल श्रेणी में आती हैं।

जो कंपनियां पीले श्रेणी में हैं, वे केवल अपने व्यवसाय परमिट को नवीनीकृत कर सकते हैं। जब तक वे पीले श्रेणी से हरे रंग की श्रेणी में प्रवेश ना कर ले, पीले श्रेणी के संस्थानों को प्रवासी कामगार रखने की अनुमति नहीं है।

रेड ज़ोन की कंपनियों पर सबसे अधिक प्रतिबंध हैं,जैसे कार्य परमिट, अपने कर्मचारियों के इकामा को नवीनीकृत करना शामिल है। इसके अलावा, उनके कर्मचारी बिना किसी अनुमति या पत्र के दूसरी कंपनी में ट्रांसफ़र ले सकते हैं।

सऊदी और प्रवासी श्रमिकों के बीच प्रतिशत (Percentage Between Saudi and Expat Workers)

सऊदी और प्रवासी के बीच कोई निश्चित प्रतिशत नहीं है, वास्तव में, यह सेक्टर पर निर्भर करता है। उदाहरण के लिए, खुदरा उद्योग (जैसा मेगा मॉल और रिटेल दुकानें) इन्हे खुद को उच्च श्रेणी में रखने के लिए कम से कम 50% सउदी कर्मचारियों को नौकरी पर रखना पड़ता है। पढ़े-सऊदी अरब, इक़ामा पर दर्ज जॉब टाइटल बदलने की प्रक्रिया

जबकि निर्माण उद्योग (ग्रीन या प्लेटिनम श्रेणी) के लिये केवल 10 से 30% सऊदी कर्मचारियों की आवश्यकता है।

हालांकि, किसी उद्योग में Nitaqat कार्यक्रम के अनुसार छूट नहीं है। इसलिए हर कंपनी और उद्योग मे सउदी कर्मचारी रखना अनिवार्य है।

प्रवासीयो को निताकात से लाभ (Nitaqat Benefits For Expats)

निताकात से कई लाभ मिल सकता हैं। यदि आपकी कंपनी रेड जोन में है तब आप इससे लाभ उठा सकते हैं जैसे,

कर्मचारी कफील/कंपनी के अनुमति के बगैर संस्था से स्विच कर सकता है

आप अपने वर्तमान नियोक्ता (Employer) से पूछे बिना अपनी कंपनी को बदल सकते हैं। कारण साफ है सरकार ने इसकी अनुमति दी है। दूसरे शब्दों मे कहे तो सऊदी सरकार ट्रांसफ़र की अनुमति देकर प्रवासी कर्मचारियों की सुरक्षा कर रही है।

हुरोब स्टेटस बदलना (Remove Huroob Status)

अगर किसी पर huroob दर्ज है, तो वह huroob को आसानी से हट सकता है और किसी अन्य कंपनी में काम करना शुरू कर सकता है। हुरोब स्टेटस एक जटिल स्थिति है और ज्यादातर हुरोब के मामलों में, प्रवासी को किंगडम छोड़ना पड़ता हैं। पढ़े-सऊदी अरब, इकामा पर दर्ज Huroob Status की जाँच करें-2020

परिवर्तन पेशा (मेहना) (Change Profession)

यदि आपकी कंपनी हरे या प्लैटिनम ज़ोन में है, तो आपकी कंपनी आपके पेशे को ऑनलाइन बदल सकती है।

आपके जो भी काम है, सिस्टम उसे नए जॉब टाइटल में बदल देगा। नोट-कुछ पेशे ऐसे हैं जो पूरी तरह से सउदी के लिए आरक्षित हैं। पढ़े –नक़ल कफ़ाला, इक़ामा ट्रांसफर के स्थिति को जाँचने का ऑनलाइन प्रक्रिया

हालांकि, कुछ एसे पेशे जो व्यक्तिगत श्रेणी में आते हैं, जैसे व्यक्तिगत ड्राइवर, किसान(माली) आदि अपनी नौकरी को डिफ़ॉल्ट रूप से बदल सकते हैं। कारण यह है कि निताकात प्रणाली उन पर लागू नहीं होता है। यह केवल व्यापारिक संगठनों के लिए है। 

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